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अन्तर्देशीय आधान डिपो(आई.सी.डी.) की स्थापना अधिसूचना क्रमांक 53/2005–सीमा
श्ुल्क(एन.टी) दिनांक 14.07.05 द्वारा औद्योगिक क्षेत्र मण्डीदीप में की गई है।
भारत सरकार, वित्त मंत्रालय, राजस्व विभाग, केन्द्रीय उत्पाद शुल्क तथा सीमा शुल्क
बोर्ड द्वारा अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप को आयातित माल के उतारने तथा निर्यात
हेतु माल को चढ़ाने के लिए अधिसूचित किया गया है। आयुक्त, सीमा एवं केन्द्रीय
उत्पाद शुल्क, भोपाल ने अधिसूचना क्रमांक 01/05 दिनांक 30.09.05 द्वारा सीमा शुल्क
अधिनियम, 1962 की धारा 8 के अनुसार अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप को सीमा शुल्क
क्षेत्र घोषित किया है जिसके अन्तर्गत आधानों जिसमें बन्दरगाहों से आयातित माल रखा
जा सकता है साथ ही साथ आयातित कारगो भरने(स्टाफिंग) हेतु भंडारित किया जा सकता है।
आगे लोक सूचना क्र. 11/05–सीमा शुल्क दिनांक 30.09.05 द्वारा आयुक्त ने मे. कॉनकोर
लि. को अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप में आयातित एवं निर्यात माल हेतु अभिरक्षक
नियुक्त किया है।
अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप ने दिनांक 01.10.05 से अपना कार्य प्रारंभ कर दिया
एवं प्रथम आधानका निर्यात दिनांक 28.10.05 को हुआ। वर्ष 2005–06 में 42 टी.ई.यू.एस.
कन्टेनर निर्यात से शुरूआत कर आगामी वर्षाे तथा 2006–07 एवं 2007–08 में डिपो के
कार्य में कई गुना बढ़ोत्तरी हुई।
भारत सरकार, वित्त मंत्रालय, राजस्व विभाग ने अधिसूचना क्रमांक 40/06–सीमा शुल्क
दिनांक 01.04.06 द्वारा करमुक्त आयात प्राधिकरण योजना का विस्तार किया एवं अधिसूचना
क्रमांक 04/06–सीमा शुल्क से 43/06–सीमा शुल्क सभी दिनांक 05.05.06 का संशोधन कर
अन्य निर्यात प्रोत्साहन योजनाओं के अन्तर्गत अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप को
शामिल कर लिया गया है।
उप/सहायक आयुक्त(सीमा शुल्क) का कार्यालय अन्तर्देशीय आधान डिपो मण्डीदीप मे स्थित
है। कॉनकेार ने अन्तर्देशीय आधान डिपो सीमा शुल्क के कार्यालय के लिए 3 कमरे एवं एक
हाल प्रदान किया है। एक कमरा उप/सहायक आयुक्त हेतु, दूसरा अधीक्षक, तीसरा निरीक्षक
एवं मंत्रालयीन अधिकारी हेतु तथा हॉल सीमा शुल्क अभिकर्ता के उपयोग हेतु है।
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पत्तन के लिए राजस्व लक्ष्य वर्ष 2006–07 में एक करोड़ था जबकि उक्त वर्ष में
राजस्व 9.6 करोड़ हुआ जबकि विगत संगत वर्ष में यह 0.0285 करोड़ था। वर्ष 2007–08
हेतु राजस्व लक्ष्य 11 करोड़ था जो माह सितम्बर 07 में प्राप्त कर लिया गया, जबकि
राजस्व संग्रहण 11.53 करोड़ को पार कर गया। अन्तर्देशीय आधान डिपो, मण्डीदीप में
नियमित आयात नहीं है फिर भी ई.पी.सी.जी. योजना के तहत में. वर्धमान यार्न, सतलापुर
एवं में. वर्धमान फैबरिक्स, बुधनी द्वारा आयातित पूंजीगत माल के कारण वर्ष 2007–08
के दौरान राजस्व संग्रहण मे वृद्धि हुई। वर्ष 2005–06, 2006–07, 2007–08 एवं
2008–09 के दौरान राजस्व संग्रहण निम्नानुसार है।
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